Monday, November 30, 2020
Home Articles Motivational परिस्थिति के अनुसार क्या पढ़ना है यह जानना बहुत जरूरी है

परिस्थिति के अनुसार क्या पढ़ना है यह जानना बहुत जरूरी है

जिंदगी में पढ़ना जरूरी है ,लेकिन कब क्या पढ़ना है यह जानना बहुत जरूरी है

उदाहरण के तौर पर मान लीजिए कि आप किसी स्कूल में पढ़ते है और 2 दिन बाद आपका इतिहास का पेपर है तो आप इतिहास पड़ेंगे ना कि गणित,अंग्रेजी, हिंदी या अन्य कोई विषय, ठीक उसी प्रकार जब भी हम जिंदगी में थोड़े बुरे समय से गुजर रहे होते हैं तो खुद को अच्छा महसूस कराए रखने के लिए हम अच्छी बातें पढ़ना या सुनना पसंद करते हैं।


मान लीजिए आप अपने से जुड़े रिश्तो को मजबूत और मधुर बनाना चाहते हैं और इसके लिए आप किसी आर्टिकल के पेज पर गए, वहां पर आपकी नजर पहले आर्टिकल “अपनी गलतियां स्वीकार करना सीखे” पर पड़ी, आपने पढ़ा,उसे समझा और आपको अच्छा लगा कि रिश्तो को मधुर और मजबूत बनाए रखने के लिए अपनी गलतियां स्वीकार करना बहुत जरूरी होता है और उसे सुधारना भी बहुत जरूरी होता है फिर आपकी नजर उसी पेज के दूसरे आर्टिकल “कभी हार ना माने” पर पड़ी।
अब आप सोच में पड़ गए क्योंकि पहले आर्टिकल में आपने पढ़ा था कि अपनी गलतियों को स्वीकार करना सीखे और अब आप यहां पर पड़ रहे हैं कि कभी हार ना माने और अपनी गलतियां स्वीकार करने का मतलब 1 तरीके से अपनी हार मानना ही तो होता है तो क्या इन दोनों में से कोई एक आर्टिकल गलत है या गलत शिक्षा देता है ?? ऐसा बिल्कुल नहीं है आपने भी सही सोचा और वह दोनों आर्टिकल भी अपनी अपनी जगह सही है और दोनों ही आर्टिकल बहुत अच्छी शिक्षा देते हैं।
पहला आर्टिकल जहां आपके रिश्तो को सुधारने, उसे मजबूत और मधुर बनाने में आपकी मदद करता है तो वही दूसरा आर्टिकल लगातार कोशिशों के बावजूद मिल रही असफलताओं से हार ना मानकर लगातार कोशिश करने की शिक्षा देता है और साथ ही में में यह बताता है कि हमें जिंदगी में कभी भी हार नहीं माननी चाहिए और हर परिस्थिति का सामना करते रहना चाहिए।

read also : how to be successful


आपने दो अलग-अलग तरह की शिक्षा देने वाले आर्टिकल को एक साथ पड़ा इसलिए कन्फ्यूजन हुई,आपको उस वक्त सिर्फ रिश्तो को मजबूत बनाने और मधुर बनाने वाले आर्टिकल को ही पढ़ना चाहिए था ना कि दूसरा क्योंकि उस वक्त आपकी जरूरत रिश्तो को सुधारने की थी।
ठीक उसी प्रकार अगर आप लगातार कोशिशों के बावजूद मिल रही असफलताओं से हिम्मत हार रहे हैं तो ऐसे में आप खुद को मोटिवेट बनाए रखना चाहेंगे और उसके लिए आपको “कभी हार ना मानने वाला” आर्टिकल पढ़ना चाहिए उस वक्त वही आर्टिकल आपको मोटिवेट बनाए रखेगा और अच्छी शिक्षा देगा ना कि वह दूसरा आर्टिकल।
जिंदगी में हमें कब और क्या पढ़ना है इसका ज्ञान भी होना बहुत जरूरी है वरना ज्ञान तो एक ऐसी चीज है जो कभी खत्म ही नहीं हो सकता।

Previous articlecurrent affairs :10 may
Next articleimmunity system

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

- Advertisment -

Most Popular

Current Affairs 2 sept. 2020

HINDI CURRENT AFFAIRS HINDI CURRENT AFFAIRS AND MOST IMPORTANT CONTENT FOR UPCOMING EXAMS लुईस हैमिल्टन...

महिला समानता दिवस : 26 अगस्त

महिला समानता दिवस हर साल 26 अगस्त को मनाया जाता है। महिला समानता की सबसे पहली शुरुआत न्यूजीलैंड ने 1893 में की...

गणेश चतुर्थी 2020

गणेश चतुर्थी कब मनाई जाती है?? भाद्र मास के शुक्ल पक्ष की चतुर्थी को...

कृष्ण जन्माष्टमी 2020

कृष्ण जन्माष्टमी ( KRISHNA JANMASTMI ) कृष्ण जन्माष्टमी भगवान श्री कृष्ण के जन्मदिन के उपलक्ष पर बनाई जाती है...

Recent Comments